Facebook Twitter Youtube
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • न्याय
  • राजनीति
  • साहित्य
  • धर्म-समाज
  • वीडियो
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • न्याय
  • राजनीति
  • साहित्य
  • धर्म-समाज
  • वीडियो
Home » Over 270 acquittal cases reviewed in Durg range | दुर्ग रेंज में 270 से ज्यादा दोषमुक्ति मामलों की समीक्षा: IG ने जांच गुणवत्ता सुधारने दिए सख्त निर्देश, फोरेंसिक सहयोग-अभियोजन समन्वय पर दिया जोर – durg-bhilai News
Breaking News

Over 270 acquittal cases reviewed in Durg range | दुर्ग रेंज में 270 से ज्यादा दोषमुक्ति मामलों की समीक्षा: IG ने जांच गुणवत्ता सुधारने दिए सख्त निर्देश, फोरेंसिक सहयोग-अभियोजन समन्वय पर दिया जोर – durg-bhilai News

By adminDecember 12, 2025No Comments2 Mins Read
Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
cd117078 e5dd 4ef2 b16a 93225ebf14eb 1765541933570
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email


दुर्ग रेंज में शुक्रवार को IG रामगोपाल गर्ग की अध्यक्षता में एक समीक्षा बैठक हुई। इसमें हाल के सालों के 270 से अधिक दोषमुक्ति मामलों की गहन पड़ताल की गई। बैठक में दुर्ग, बालोद और बेमेतरा जिलों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

.

बैठक का मुख्य उद्देश्य गंभीर अपराधों में दोषमुक्ति के कारणों को समझना और भविष्य में दोषसिद्धि प्रतिशत बढ़ाने के लिए ठोस रणनीति तैयार करना था। रेंज कार्यालय के सभागार में आयोजित इस बैठक में महिला-बाल अपराध, पॉक्सो एक्ट, हत्या, हत्या का प्रयास, NDPS केस और अन्य गंभीर अपराधों से जुड़े उन मामलों का बिंदुवार विश्लेषण किया गया। जिनमें अदालतों ने आरोपियों को बरी कर दिया था।

2da6cc15 23af 4e76 80ae 6fa02884b8d8 1765541933572

दोषमुक्ति को विवेचना की कमजोरी बताया

IG ने कहा कि दोषमुक्ति केवल अदालत का निर्णय नहीं, बल्कि यह विवेचना, साक्ष्य संकलन और अभियोजन समन्वय की कमजोरियों का संकेत है। उन्होंने सभी विवेचकों को मजबूत फोरेंसिक सहयोग लेने, केस डायरी की गुणवत्ता सुधारने और अदालत में पेश किए जाने वाले साक्ष्यों को त्रुटिरहित बनाने के स्पष्ट निर्देश दिए।

फोरेंसिक सहयोग और अभियोजन समन्वय पर जोर

उन्होंने पुलिस और अभियोजन के बीच मजबूत समन्वय को अत्यंत आवश्यक बताया। आईजी ने कहा कि यदि साक्ष्य कोर्ट में अपनी विश्वसनीयता सिद्ध नहीं कर पाते, तो पूरी जांच प्रक्रिया प्रभावित होती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि दोषसिद्धि प्रतिशत बढ़ाना पुलिस की कार्यकुशलता और विश्वसनीयता का सीधा संकेतक है, इसलिए हर केस में पेशेवर मानक अनिवार्य हैं।

आदतन अपराधियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश

बैठक में आदतन अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई को प्राथमिकता दी गई। आईजी गर्ग ने कहा कि ऐसे अपराधी समाज में भय का वातावरण बनाते हैं, इसलिए उनके खिलाफ कठोरतम दंडात्मक कार्रवाई आवश्यक है। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन अपराधियों को जमानत मिल चुकी है और वे दोबारा अपराध करते पकड़े जा रहे हैं, उनकी जमानत निरस्तीकरण के लिए तत्काल न्यायालय में पहल की जाए। ऐसे अपराधियों की लगातार निगरानी, फील्ड इनपुट और नियमित रिपोर्ट तैयार कर रेंज कार्यालय भेजी जाए।



<



Advertisement Carousel

theblazeenews.com (R.O. No. 13229/12)

×
Popup Image



Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
admin
  • Website

Related Posts

धमतरी में बंद मकान में लगी आग:लकड़ी का सामान जलकर खाक, दमकल ने आग पर पाया काबू, आग के कारणों की जांच जारी

June 21, 2026

रायपुर में दो गांजा तस्कर गिरफ्तार:गुजरात और यूपी के आरोपियों को पुलिस ने पकड़ा, 11.4 किलो गांजा जब्त

June 21, 2026

अलग-अलग सड़क हादसों में दो युवकों की मौत:गौरेला क्षेत्र में 12 घंटे में दो दुर्घटनाएं,ट्रैक्टर और ट्रेलर की चपेट में आने से गई जान

June 21, 2026

Comments are closed.

samvad add RO. Nu. 13843/146
samvad add RO. Nu. 13843/146
Stay In Touch
  • Facebook
  • Twitter
  • YouTube
  • Telegram
Live Cricket Match

[covid-data]

Our Visitor

074900
Views Today : 95
Views Last 7 days : 4951
Views Last 30 days : 9402
Total views : 102988
Powered By WPS Visitor Counter
About Us
About Us

Your source for the Daily News in Hindi. News about current affairs, News about current affairs, Trending topics, sports, Entertainments, Lifestyle, India and Indian States.

Our Picks
Language
Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
  • Home
© 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.