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छग शासन के द्वारा महिला बाल विकास विभाग से नगरपालिका को 21 लाख 60 हजार आंगनबाड़ी भवनों के मरम्मत जीर्णोद्वार के लिए दिया जा चुका है। राशि मिले करीब 5 माह बीत चुके है। लेकिन अभी तक इस दिशा में ठोस पहल नहीं हुई है। इसे लेकर नगर पालिका उपाध्यक्ष देवीचंद राठी ने मंगलवार को नगर पालिका अधिकारी अशोक सलामें से मुलाकात की। और मांग पत्र सौंपा। साथ ही तत्काल आंगनबाड़ी भवनों का जायजा लेकर जल्द ही मरम्मत कार्य शुरु कराने की मांग की।
उपाध्यक्ष राठी ने सीएमओ से तत्काल आंगनबाड़ी भवन मरम्मत की दिशा में ठोस पहल करने कहा। साथ ही वित्तीय वर्ष में ही योजना बना ली जाए। ताकि सुविधाएं मिल सके। विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा के प्रयासो से शहर के 27 आंगनबाड़ी भवन के लिए प्रति भवन 80 हजार रुपए मरम्मत में खर्च करने के लिए राशि जारी की गई है। यह राशि पालिका को लगभग 5 माह से प्राप्त हो गई है। उपाध्यक्ष देवीचंद राठी ने कहा कि राशि वित्तीय वर्ष में खर्च नहीं होगी। ऐसी स्थिति में शासन वापस मांग लेगी। जबकी मरम्मत आवश्यक कार्य है मरम्मत होने से आगंनबाड़ी के संचालन में आसानी होगी। छोटे-छोटे बच्चे वार्डो के आते हैं, उनके लिए भी ठीक होगा। शासन की राशि का समय पर उपयोग होना आवश्यक है।
पुराने और किराए के भवन में हो रहे संचालित बता दे कि नगर पालिका क्षेत्र में कई आंगनबाड़ी ऐसे है, जहां किराए से भवन संचालित की जा रही है। यहां पर्याप्त जगह नहीं होने से बच्चों को एक ही कमरे में बैठाया जाता है। साथ ही भोजन व्यवस्था की जाती है। कुछ जगहों में बने भवन पुराने होने के कारण प्लास्टर उखड़ चुका है। इसके चलते बच्चे बैठने से घबराते है। शहर के आंगनबाड़ी में खिड़की टूट गए है। जिसकी मरम्मत की ज़रुरत है। किचन शेड की स्थिति भी खस्ताहाल हो चुकी है।
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