कोंडागांव में 13 दिसंबर आयोजित नेशनल लोक अदालत में कुल 11,346 मामलों का निपटारा किया गया और 1.11 करोड़ रुपए से अधिक का अवॉर्ड पारित किया गया। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली और राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर के निर्देशों पर इस लोक अदा
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लोक अदालत के दौरान लंबित और राजीनामा योग्य प्रकरणों के त्वरित निराकरण पर जोर दिया गया। इसके लिए जिला न्यायालय कोन्डागांव में तीन, तालुका विधिक सेवा समिति केशकाल में एक, तालुका विधिक सेवा समिति नारायणपुर में दो तथा राजस्व न्यायालयों में अलग-अलग खंडपीठ गठित की गईं।
आपसी सहमति से मामलों का निपटारा
इन खंडपीठों के माध्यम से मामलों का आपसी सहमति से निपटारा किया गया। लोक अदालत में निपटाए गए मामलों में अलग-अलग श्रेणियां शामिल थीं। बैंक रिकवरी के 1492 प्रकरणों में ₹6,52,140, बिजली बिल के 1852 मामलों में ₹2,20,748, मोटर दुर्घटना दावा के 8 प्रकरणों में ₹70,80,000 और चेक बाउंस के 2 प्रकरणों में ₹4,00,000 का अवॉर्ड पारित किया गया।
सिविल, ट्रैफिक और राजस्व प्रकरणों का निपटारा
अन्य सिविल मामलों में ₹12,21,999, ट्रैफिक चालान में ₹7,80,300, राजस्व प्रकरणों में ₹5,000 और नगर पालिका (कोंडागांव और नारायणपुर) के मामलों में ₹7,70,715 का अवॉर्ड पारित हुआ। दूरसंचार से संबंधित 203 और आपराधिक प्रकृति के 4 प्रकरण भी निपटाए गए।
कुल मामलों का निराकरण और अवॉर्ड राशि
कुल मिलाकर, सभी न्यायालयों और राजस्व न्यायालयों के माध्यम से 11,346 मामलों का निराकरण किया गया, जिसमें कुल ₹1,11,61,502 का अवॉर्ड पारित हुआ। इस आयोजन के दौरान सामाजिक और पर्यावरणीय पहले भी की गईं। जिला चिकित्सालय कोन्डागांव की टीम ने एक स्वास्थ्य शिविर लगाया, जहां दूर-दराज से आए पक्षकारों की बीपी और शुगर की जांच की गई।
निशुल्क सैन्य प्रशिक्षण को मिली अंतरराष्ट्रीय सराहना
अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद कोंडागांव की ओर से युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और राष्ट्र सेवा की भावना को मजबूत करने के लिए संचालित निशुल्क सैन्य प्रशिक्षण कार्यक्रम को शनिवार को अंतरराष्ट्रीय सराहना मिली। विकास नगर स्टेडियम में आयोजित इस प्रशिक्षण सत्र में सुबह 7 बजे एक विदेशी महिला सैलानी विशेष रूप से पहुंचीं और पूर्व सैनिकों की ओर से दी जा रही प्रशिक्षण व्यवस्था को नजदीक से देखा।
परिषद के जिला अध्यक्ष सूरज यादव ने विदेशी सैलानी को बताया कि पूर्व सैनिकों के मार्गदर्शन में युवक एवं युवतियों को प्रतिदिन सुबह 5:30 बजे से 7:30 बजे तक निशुल्क सैन्य प्रशिक्षण दिया जाता है। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य युवाओं को सेना, अर्धसैनिक बल और अन्य सुरक्षा बलों में भर्ती के लिए शारीरिक, मानसिक और अनुशासनात्मक रूप से तैयार करना है।
उन्होंने बताया कि इस पहल के माध्यम से अब तक अनेक युवक और युवतियां अलग-अलग फोर्स में चयनित होकर देश सेवा कर रहे हैं। जो परिषद के लिए गर्व की बात है। प्रशिक्षण स्थल पर लड़कियों को पूरे उत्साह और आत्मविश्वास के साथ अभ्यास करते देखकर विदेशी सैलानी विशेष रूप से प्रभावित हुईं।

विदेशी सैलानी ने की पहल की सराहना
विदेशी सैलानी ने बताया कि वह इजराइल से भारत दौरे पर आई हैं और कोंडागांव में युवाओं, विशेषकर बालिकाओं को सैन्य प्रशिक्षण लेते देखकर उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हुई। उन्होंने कहा कि निशुल्क प्रशिक्षण के माध्यम से युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर देना एक प्रेरणादायी पहल है, जो समाज और राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
देशभक्ति नारों से गूंजा स्टेडियम
इस अवसर पर देशभक्ति का वातावरण और भी प्रबल हो गया जब पूर्व सैनिकों, प्रशिक्षार्थियों और विदेशी सैलानी ने एक साथ “भारत माता की जय”, “वंदे मातरम्” और “जय जवान, जय किसान” के नारे लगाए। पूरा स्टेडियम राष्ट्रभक्ति के रंग में रंग गया और यह क्षण सभी के लिए यादगार बन गया।
अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद कोंडागांव की यह पहल न केवल युवाओं को निशुल्क सैन्य प्रशिक्षण देकर उनके सपनों को साकार कर रही है, बल्कि यह संदेश भी दे रही है कि समर्पण, अनुशासन और राष्ट्रप्रेम की भावना सीमाओं से परे होती है।

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