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सरगुजा संभाग में ठंड के तेवर और भी तेज होते जा रहे है। शुक्रवार को अंबिकापुर में इस सीजन का सबसे ठंडा दिन दर्ज किया गया। हल्के बादलों और बर्फीली हवाओं के मेल ने दिन और रात, दोनों समय लोगों को ठिठुरने पर मजबूर कर दिया है। कोहरे और शीतलहर के कारण जनजीवन पूरी तरह प्रभावित रहा।
न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री दर्ज हुआ, यह सामान्य से 3 डिग्री कम है। वहीं, अधिकतम तापमान 21.8 डिग्री दर्ज हुआ। यह सामान्य से 3 डिग्री कम है। दोपहर तक कोहरे के कारण धुंध छाई रही, इस वजह से दृश्यता कम रही और लोगों को आवाजाही में परेशानी का सामना करना पड़ा। सुबह से दोपहर तक तापमान 7 से 15 डिग्री के बीच बना रहा, जिससे दिन में भी कंपकंपी महसूस हुई। वर्तमान में पश्चिमी विक्षोभ का आंशिक असर देखने को मिल रहा है। हालांकि यह विक्षोभ इतना ताकतवर नहीं है कि उत्तर से आने वाली बर्फीली हवाओं को रोक सके। आमतौर पर एक मजबूत विक्षोभ ठंडी हवाओं के प्रवाह को रोक देता है, जिससे तापमान में बढ़ोतरी होती है। लेकिन इस बार ऐसा न होने के कारण उत्तर की सर्द हवाएं सीधे मैदानी इलाकों में प्रवेश कर रही हैं। आसमान में छाए हल्के बादलों ने धूप के असर को भी कम कर दिया है। पखवाड़े भर से न्यूनतम तापमान लगातार 4 से 7 डिग्री के बीच बना हुआ है। शुक्रवार को स्थिति यह थी कि दोपहर बाद हल्की धूप निकलने के बावजूद लोगों को राहत नहीं मिली और लोग पूरे दिन गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आए। कड़ाके की ठंड के कारण लोग घरों में ही दुबके रहे और बाजारों में भी सन्नाटा पसरा रहा। उत्तर की ओर से आ रही सर्द हवाओं का प्रवाह निरंतर बना हुआ है। जब तक कोई ताकतवर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय नहीं होता, तब तक तापमान में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद कम है। ^दिन में भी हल्के कोहरे का असर, धूप की तीव्रता में कमी और लगातार पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव से आकाश में बादलों की हल्की परत है। इससे दिन का पारा लगातार गिर रहा है। सुबह वायु में आर्द्रता का स्तर 97% तक पहुंच रहा है। रात में आसमान स्वच्छ होने से लगातार कोहरा और कुहासा बनने की अनुकूल परिस्थितियां निर्मित हो रही हैं। इससे न्यूनतम तापमान भी सामान्य से नीचे रह रहा है। सुबह में क्षैतिज दृश्यता का स्तर नगरीय क्षेत्रों में 500 मीटर व मैदानी और खुले क्षेत्र में 50 से 100 मीटर तक रही है। दो दिन तक मौसम ऐसा ही रहेगा। एएम भट्ठ, विज्ञानी, मौसम विज्ञान केंद्र
अगले दो दिन तक ऐसे ही हालात बने रहेंगे: भट्ठ
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