बीजापुर जिले में सैकड़ों आदिवासी बेरोजगार युवक-युवतियों ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) भर्ती-2025 में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं का आरोप लगाया है। उन्होंने जिला मुख्यालय में एक ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच की मांग की है।
.
अभ्यर्थियों का कहना है कि शारीरिक और लिखित परीक्षा में सफल होने के बावजूद अंतिम चयन सूची से उनके नाम हटा दिए गए। इसके विपरीत कई ऐसे नाम चयन सूची में शामिल कर लिए गए जो कथित तौर पर परीक्षा में शामिल ही नहीं हुए थे।
अभ्यर्थियों ने सहायक पुलिस महानिरीक्षक, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल मुख्यालय बीजापुर को दिए गए ज्ञापन में विस्तृत अनियमितताओं का उल्लेख किया है। उन्होंने बताया कि CRPF भर्ती की प्रक्रिया 21 से 23 नवंबर 2025 तक चली थी और परिणाम 29 नवंबर को जारी किया गया था।

सोशल मीडिया पर चयन सूची वायरल
हालांकि, 30 नवंबर की रात 12 बजे सोशल मीडिया पर अचानक एक अलग चयन सूची वायरल हुई, जिसमें कई अभ्यर्थियों के नाम गायब थे। युवाओं का दावा है कि प्रारंभिक परिणाम में उनके नाम चयनित सूची में थे, लेकिन सुबह 6 बजे तक संशोधित सूची में उनके नाम हटा दिए गए।
अभ्यर्थियों के नाम हटाए गए
अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि संशोधित सूची में ऐसे कई व्यक्तियों को शामिल किया गया, जिनकी न तो शारीरिक परीक्षा में उपस्थिति की पुष्टि हुई और न ही मेडिकल या लिखित परीक्षा में शामिल होने की।
जिले के परीक्षार्थी प्रभावित
बीजापुर जिले से लगभग 2000 युवक-युवतियों ने शारीरिक, मेडिकल और लिखित परीक्षा दी थी। लेकिन अंतिम परिणाम में केवल कुछ ही परीक्षार्थियों के नाम दिखाई दिए, जिससे हजारों योग्य उम्मीदवार बाहर हो गए।
अन्य जिलों और राज्यों के नाम शामिल
इसके अलावा अभ्यर्थियों ने यह भी आरोप लगाया है कि CRPF भर्ती-2025 की बीजापुर जिले की स्थानीय भर्ती में अन्य जिलों और राज्यों के व्यक्तियों के नाम भी शामिल कर दिए गए हैं, जो भर्ती के निर्धारित नियमों का उल्लंघन है।
इस पूरे मामले पर सीआरपीएफ के अधिकारियों ने बताया कि पूरी प्रक्रिया विधिवत की जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि किसी तरह की कोई शिकायत उनके पास आती है, तो उसकी जांच की जाएगी।
<
