अनुकंपा नियुक्ति आवेदन पर 6 साल से निर्णय नहीं, हाई कोर्ट ने 40 दिन में फैसला लेने का दिया निर्देश

जल संसाधन विभाग के कर्मचारी की वर्ष 2017 में मृत्यु के बाद उनकी बहू शांति बाई यादव पति संतूराम यादव, उम्र 54 वर्ष, निवासी ग्राम धनिया ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए 28 नवंबर 2020 को आवेदन दिया था। करीब छह साल बाद भी आवेदन पर निर्णय नहीं होने पर उन्होंने हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
जस्टिस बिभु दत्ता गुरु ने 22 सितंबर 2026 को मामले की सुनवाई करते हुए सक्षम अधिकारी को आवेदन पर कानून के अनुसार निर्णय लेने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने इसके लिए आदेश की प्रति प्राप्त होने से 40 दिन की समय-सीमा तय की है।
याचिकाकर्ता शांति बाई यादव ने बताया कि उनके ससुर जल संसाधन विभाग में कर्मचारी थे और वर्ष 2017 में सेवा के दौरान उनका निधन हो गया। इसके बाद उन्होंने आश्रित परिवार के सदस्य के रूप में अनुकंपा नियुक्ति का लाभ पाने के लिए 28 नवंबर 2020 को सक्षम अधिकारी के समक्ष आवेदन प्रस्तुत किया।
याचिका में कहा गया कि आवेदन निर्धारित अवधि के भीतर प्रस्तुत किया गया था, लेकिन विभाग ने अब तक उस पर कोई निर्णय नहीं लिया। सुनवाई के दौरान शांति बाई की ओर से अधिवक्ता रवि कुमार भगत ने आवेदन पर निर्णय नहीं होने की बात रखी।
राज्य की ओर से शासकीय अधिवक्ता अनिल पांडेय ने कहा कि यदि 28 नवंबर 2020 का आवेदन अभी कार्यपालन अभियंता या सक्षम अधिकारी के समक्ष लंबित है तो उस पर कानून के अनुसार विचार कर निर्णय लिया जाएगा।
राज्य की इस सहमति के बाद हाई कोर्ट ने मामले के गुण-दोष पर कोई टिप्पणी किए बिना सक्षम अधिकारी को आवेदन पर फैसला करने का निर्देश दिया।
हाई कोर्ट ने निर्देश दिया कि शांति बाई यादव के 28 नवंबर 2020 के आवेदन पर सक्षम प्राधिकारी आदेश की प्रति प्राप्त होने से 40 दिनों के भीतर कानून के अनुसार विचार कर निर्णय लें।




