Facebook Twitter Youtube
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • न्याय
  • राजनीति
  • साहित्य
  • धर्म-समाज
  • वीडियो
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • अपराध
  • खेल
  • मनोरंजन
  • शिक्षा
  • न्याय
  • राजनीति
  • साहित्य
  • धर्म-समाज
  • वीडियो
Home » 92% farmers registered on Agristack portal to sell paddy, 3860 left | धान बेचने एग्रीस्टैक पोर्टल में 92% किसानों का पंजीयन, 3860 बाकी – Korba News
Breaking News

92% farmers registered on Agristack portal to sell paddy, 3860 left | धान बेचने एग्रीस्टैक पोर्टल में 92% किसानों का पंजीयन, 3860 बाकी – Korba News

By adminSeptember 28, 2025No Comments3 Mins Read
Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
reassign app 175897379068d7cf5ee873a image cropper 1758973761499
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email



reassign app 175897379068d7cf5ee873a image cropper 1758973761499

.

धान बेचने और योजनाओं का लाभ उठाने एग्रीस्टैक में रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य कर दिया गया है। इसके बिना एकीकृत किसान पोर्टल में पंजीयन नहीं होगा। अभी तक धान बेचने वाले 44411 में से 40559 किसानों का ही पंजीयन हो सका है। अभी भी 3860 किसान पंजीयन नहीं करा सके हैं। कृषि विभाग ने इसके लिए ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों को किसानों से संपर्क करने जिम्मेदारी दी है।

किसानों को 30 अक्टूबर तक पंजीयन करवाना होगा। किसान के ​जमीन का हर खसरा नंबर पोर्टल पर लिंक करना अनिवार्य है। किसान उसी खसरे से धान बेच सकता है, जिसका पंजीयन एग्रीस्टैक में कराया गया है। इस साल धान बेचने वाले किसानों के लिए नया सिस्टम एग्रीस्टैक और किसान पोर्टल तैयार किया गया है। शुरुआत से ही एग्रीस्टैक पोर्टल से परेशानी हो रही है। इसमें पुराना डेटा होने, गांव का नाम दर्ज नहीं होने व नए खाताधारकों का नाम अपडेट नहीं होने के कारण रजिस्ट्रेशन नहीं करवा पा रहे हैं। एग्रीस्टैक में पंजीयन कराना शासन ने अनिवार्य कर तो दिया है। शहरी क्षेत्र के किसानों का भी पंजीयन नहीं हो पा रहा था।

बाद में सुधार होने पर अब पंजीयन करा रहे हैं। नई धान बेचने वाले किसानों को भी एग्रीस्टैक में पंजीयन करना होगा । इसके बाद ही धान की बिक्री कर सकेंगे। अब सहकारी समितियों में भी पंजीयन किया जा रहा है। किसान धान बेचने से वंचित न हो इसके लिए ही प्रचार प्रसार भी किया जा रहा है। ^कृषि विभाग के उप संचालक डीपीएस कंवर का कहना है कि एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन कराने किसानों को प्रेरित किया जा रहा है।

इसके बिना धान नहीं बेच सकते। एकीकृत किसान पोर्टल में इसके बाद ही पंजीयन होगा। योजना का लाभ भी इसी पंजीयन से आगे मिलेगा। इसी पोर्टल से पोर्टल सिर्फ धान बेचने के लिए ही नहीं बल्कि केंद्र और राज्य सरकार की अन्य योजनाओं का लाभ लेने के लिए भी जरूरी है। पीएम किसान निधि लेने वाले किसानों को भी पोर्टल में पंजीयन करना होगा। जिले में 80 हजार किसानों को किसान निधि मिलती है। इसमें से अभी तक 47273 किसानों का पंजीयन हुआ है। एक बार किसान का डिजिटल रजिस्ट्रेशन आईडी बन जाने के बाद बार-बार दस्तावेज देने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

पंजीयन के बाद पटवारी कर रहे हैं सत्यापन जिले में पिछले 5 महीने से पंजीयन जारी है। पंजीयन के लिए कृषि व राजस्व विभाग के कर्मचारियों को काम पर लगाया गया था। पांच माह बीत जाने के बाद भी शत प्रतिशत रजिस्ट्रेशन नहीं हो पाया है। इसमें राजस्व विभाग की प्रमुख भूमिका है। पटवारियों को ही रकबा का सत्यापन करने की जिम्मेदारी है। यह सब ऑनलाइन हो रहा है।



<



Advertisement Carousel

theblazeenews.com (R.O. No. 13229/12)

×
Popup Image



Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
admin
  • Website

Related Posts

रायपुर में टूटा पांच वर्षों का रिकॉर्ड, राजनांदगांव में तापमान 45 डिग्री के पार, कुछ जगहों पर आंधी और वज्रपात की भी चेतावनी

April 27, 2026

छत्तीसगढ़ में विदेशी फंडिंग और मतांतरण का खेल, गृह मंत्री ने दिए बड़ी कार्रवाई के संकेत, जांच के दायरे में 153 संस्थाएं

April 26, 2026

बस्तर के जिन दुर्गम इलाकों में कभी माओवादियों का खौफ बोलता था अब वहां बलिदानी जवानों के स्मारक सुनाएंगे शौर्य गाथा

April 26, 2026

Comments are closed.

samvad add RO. Nu. 13766/133
samvad add RO. Nu. 13766/133
Stay In Touch
  • Facebook
  • Twitter
  • YouTube
  • Telegram
Live Cricket Match

[covid-data]

Our Visitor

068861
Views Today : 13
Views Last 7 days : 928
Views Last 30 days : 4042
Total views : 89844
Powered By WPS Visitor Counter
About Us
About Us

Your source for the Daily News in Hindi. News about current affairs, News about current affairs, Trending topics, sports, Entertainments, Lifestyle, India and Indian States.

Our Picks
Language
Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
  • Home
© 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.