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बालोद जिला मुख्यालय में नेशनल हाईवे-930 पर रविवार को बस स्टैंड क्षेत्र में जलभराव और बदहाल ड्रेनेज व्यवस्था को लेकर जबरदस्त जनआक्रोश देखने को मिला। नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिभा चौधरी के नेतृत्व में पार्षदों, व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों ने सड़क पर उतरकर चक्काजाम कर दिया। देखते ही देखते यह विरोध प्रदर्शन उग्र रूप लेता गया। जिससे हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह ठप हो गया। दो साल बाद भी नहीं सुधरी व्यवस्था, भड़की जनता स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों का आरोप है कि बस स्टैंड क्षेत्र में सड़क निर्माण को दो वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन अब तक नाली व्यवस्था दुरुस्त नहीं की गई। हल्की बारिश या पानी भरते ही पूरा इलाका जलमग्न हो जाता है, जिससे दुकानदारों और आम लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। लगातार शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं होने से लोगों का गुस्सा आखिरकार सड़क पर फूट पड़ा। अपने जिम्मेदारी से बच रहा NH विभाग धरना-प्रदर्शन के दौरान नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिभा चौधरी ने एनएच विभाग पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि नाली नगर पालिका के अधिकार क्षेत्र में नहीं आने के बावजूद उनकी टीम सुबह से मौके पर सफाई में जुटी है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिला प्रशासन से कोई नाराजगी नहीं है, लेकिन एनएच विभाग के अधिकारियों का रवैया बेहद गैर-जिम्मेदाराना है। उन्होंने आरोप लगाया कि एनएच के कार्यपालन अभियंता फोन तक नहीं उठाते, जबकि एसडीओ कई बार कॉल करने के बावजूद घंटों बाद मौके पर पहुंचे। मौके पर पहुंचने के बाद भी उन्होंने जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ते हुए इसे अपना काम नहीं बताया। चौधरी ने कहा कि ऐसे अधिकारी शहर के विकास में बाधा हैं और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। सत्ता-विपक्ष एक मंच पर, बढ़ा दबाव आंदोलन में नगर पालिका उपाध्यक्ष कमलेश सोनी, भाजपा पार्षद गिरिजेश गुप्ता, कांग्रेस पार्षद विनोद बंटी शर्मा, भाजपा शहर मंडल अध्यक्ष अमित चोपड़ा सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और व्यापारी शामिल रहे। सत्ता और विपक्ष के एक साथ आने से आंदोलन का दबाव और बढ़ गया। 15 दिन में स्थायी समाधान का आश्वासन स्थिति बिगड़ते देख स्थानीय प्रशासन, पुलिस और एनएच विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से चर्चा की। लंबी बातचीत के बाद विभाग ने तत्काल नाले की सफाई और 15 दिनों के भीतर स्थायी समाधान के लिए कार्ययोजना लागू करने का आश्वासन दिया, जिसके बाद आंदोलन स्थगित किया गया। आश्वासन के बाद शुरू हुआ काम, फिर चालू हुआ ट्रैफिक आश्वासन मिलते ही एनएच विभाग ने जेसीबी मशीन बुलाकर नाली सफाई कार्य शुरू कराया। इसके बाद एनएच-930 पर यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका। वहीं नेशनल हाईवे विभाग ने जल्द ही समस्या के समाधान करने की बात कही है।
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