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शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में बुधवार को होने वाले आरसीबी और केकेआर मुकाबले से पहले दोनों टीमों ने करीब तीन घंटे तक जमकर अभ्यास किया। नेट्स में दोनों टीमों की रणनीति भी साफ नजर आई। एक ओर आरसीबी के बल्लेबाज आक्रामक अंदाज में बड़े शॉट्स की तैयारी करते दिखे, तो दूसरी ओर केकेआर ने डिफेंसिव तकनीक और विकेट बचाने पर ज्यादा फोकस किया। अंक तालिका में शीर्ष पर चल रही आरसीबी की नजर जीत के साथ अंतिम चार में अपनी जगह लगभग पक्की करने पर होगी, जबकि केकेआर के लिए यह मुकाबला ‘करो या मरो’ जैसा माना जा रहा है। स्टेडियम पहुंचते ही विराट कोहली सीधे नेट्स में पहुंचे। शुरुआती 10 गेंदों पर उन्होंने सिर्फ डिफेंस किया और फुटवर्क पर काम किया। इसके बाद उन्होंने आक्रामक मोड अपनाते हुए लगातार बड़े शॉट लगाए। दूसरी तरफ केकेआर कप्तान अजिंक्य रहाणे भी शानदार लय में नजर आए। उन्होंने नेट्स में खेले 15 शॉट्स में से 10 गेंदों को बाउंड्री लाइन के बाहर पहुंचाया। दोनों टीमों के अभ्यास सत्र ने मुकाबले से पहले रोमांच और बढ़ा दिया है। 180 विनिंग स्कोर: साल्वी
आरसीबी के बॉलिंग कोच ओमकार साल्वी ने कहा कि टी-20 में सिर्फ 200+ स्कोर ही मैच नहीं जिताते। सही रणनीति, लाइन-लेंथ और दबाव में फैसलों से 160-180 रन भी प्रतिस्पर्धी बनते हैं। उन्होंने युवा गेंदबाजों, करीबी जीतों और क्रुणाल पंड्या की उपयोगिता की तारीफ की। आत्मविश्वास बढ़ा: वॉट्सन
केकेआर मेंटर शेन वॉट्सन ने कहा कि टीम प्लेऑफ नहीं, हर मैच में कम्प्लीट परफॉर्मेंस पर फोकस कर रही है। लगातार चार जीत से आत्मविश्वास बढ़ा है। उन्होंने फिन एलन और अंगकृष रघुवंशी की प्रगति की सराहना की, जबकि वरुण चक्रवर्ती की फिटनेस पर नजर होने की बात कही। बीसीसीआई की 48 घंटे वाली सख्ती बेअसर बिना एक्रेडेशन डग-आउट तक पहुंची इंफ्लुएंसर रायपुर में आईपीएल के दौरान अनुशासन और एंटी-करप्शन प्रोटोकॉल पर सवाल खड़े हो गए हैं। BCCI ने हाल ही में सभी फ्रेंचाइजी को 48 घंटे में नए दिशा-निर्देश लागू करने का अल्टीमेटम दिया था। राजस्थान टीम के डगआउट में मोबाइल उपयोग और रियान पराग वेपिंग विवाद के बाद ACU पहले से अलर्ट है। इसके बावजूद रायपुर प्रैक्टिस सेशन में एक महिला सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर बिना वैध एक्रेडेशन के प्रतिबंधित क्षेत्र तक पहुंच गई। सूत्रों के मुताबिक, उसकी एंट्री के लिए एक वरिष्ठ अधिकारी ने पैरवी की। सूत्रों के अनुसार बिना अधिकृत पास खेल क्षेत्र में अनुमति नहीं होती, फिर भी महिला की टीम एरिया तक आवाजाही जारी रही। ये है नियम आईपीएल प्लेइंग कंडीशंस के क्लॉज 6.3.2 के तहत केवल खिलाड़ी, कोचिंग स्टाफ, मैच अधिकारी और अधिकृत ब्रॉडकास्ट क्रू को ही खेल क्षेत्र में प्रवेश की अनुमति है। मैदान और डगआउट में मोबाइल व इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग पर कड़ी निगरानी रहती है। प्रोटोकॉल उल्लंघन पर खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई का अधिकार BCCI के पास है।
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