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बिलासपुर में सिम्स के डॉक्टरों पर सड़क हादसे में मामूली रूप से घायल आदिवासी युवक के पैर का गलत ऑपरेशन करने का आरोप लगा है। परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के दौरान पैर की नस काट दी गई, जिससे मरीज की हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। इस घटना से नाराज परिजनों ने सर्व आदिवासी समाज के साथ कलेक्ट्रेट का घेराव किया। परिजनों ने आरोप लगाया कि सीनियर डॉक्टर की जगह जूनियर डॉक्टरों ने इलाज में लापरवाही बरती और गलत तरीके से ऑपरेशन किया, जिसके चलते घायल युवक की जान चली गई। उन्होंने डॉक्टरों की विशेष टीम गठित कर मामले की जांच कराने और दोषी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। अस्पताल के लिए निकला था युवक दरअसल, रतनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम पेंडरवा निवासी महेश सिंह राज (28) बीते शनिवार को रतनपुर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जाने के लिए निकला था, जहां उसकी पत्नी की डिलीवरी होने वाली थी। इसी दौरान रास्ते में किसी अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी, जिससे वह घायल हो गया। हादसे में उसके पैर में चोट आई। घायल होने के बाद उसने अपने परिजनों के साथ डायल 112 पर कॉल किया, जिसके बाद उसे उपचार के लिए सिम्स अस्पताल लाया गया। पैर में फ्रैक्चर, ऑपरेशन थिएटर में ले जाने के बाद नहीं आया होश महेश के भाई चरण सिंह राज ने बताया कि हादसे में महेश का पैर फ्रैक्चर हो गया था। सिम्स में इलाज के दौरान डॉक्टरों ने पैर की टूटी हुई हड्डी को जोड़ने के लिए ऑपरेशन करने की जानकारी दी। इसके बाद उसे ऑपरेशन थिएटर ले जाया गया, लेकिन ऑपरेशन के बाद महेश को होश नहीं आया। देर रात डॉक्टरों ने परिजनों को बताया कि अधिक खून बह जाने के कारण उसकी मौत हो गई। परिजन बोले- रात में जूनियर डॉक्टरों के भरोसे चलता है इलाज परिजन और सर्व आदिवासी समाज के लोगों का कहना है कि गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों के लिए सिम्स और जिला अस्पताल ही प्रमुख उपचार केंद्र हैं, लेकिन सिम्स में रात के समय सीनियर डॉक्टरों की जगह जूनियर डॉक्टरों के भरोसे ड्यूटी संचालित होती है। इससे पहले भी सिम्स के डॉक्टरों पर गलत उपचार और लापरवाही के आरोप लगते रहे हैं। परिजनों का आरोप है कि सीनियर डॉक्टर की अनुपस्थिति में जूनियर डॉक्टर ने जल्दबाजी में ऑपरेशन किया, जिससे मरीज के पैर की नस कट गई। इसके बाद लगातार खून बहता रहा और युवक की मौत हो गई। समाज के लोगों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि कार्रवाई नहीं हुई तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगे।
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