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छत्तीसगढ़ राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष संदीप शर्मा ने गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले का दौरा किया। उन्होंने सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS), पूरक पोषण आहार और मध्यान्ह भोजन योजना के क्रियान्वयन की जमीनी हकीकत परखी। निरीक्षण के बाद समीक्षा बैठक में अध्यक्ष ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य शासन की मंशा के अनुसार 20 अप्रैल तक सभी उचित मूल्य दुकानों में तीन माह का खाद्यान्न भंडारण अनिवार्य रूप से पूरा किया जाए। इससे हितग्राहियों को अप्रैल, मई और जून महीने का चावल एकमुश्त वितरित किया जा सकेगा। बच्चों के पोषण से कोई भी का समझौता नहीं अध्यक्ष शर्मा ने आंगनबाड़ी केंद्रों और छात्रावासों में भोजन व्यवस्था पर विशेष जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बच्चों के पोषण से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने पोषण ट्रैकर में दर्ज बच्चों की संख्या और वास्तविक उपस्थिति का मिलान करने के लिए केंद्रों का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। स्कूलों और छात्रावासों में भोजन की निर्धारित मात्रा, जैसे दाल, तेल और सब्जी का विवरण भोजन कक्ष में प्रदर्शित करना अनिवार्य किया गया है। छात्रों को दोनों समय के भोजन में दाल देने के निर्देश विशेष रूप से शासकीय आश्रम-छात्रावासों में छात्रों को दोनों समय के भोजन में दाल उपलब्ध कराने के कड़े निर्देश दिए गए। निरीक्षण दल ने एकलव्य छात्रावास डोंगरिया और पेंड्रा स्थित बालिका छात्रावास में भोजन की गुणवत्ता जांची और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने हेतु मार्गदर्शन दिया। शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए खाद्य विभाग के राज्य स्तरीय कॉल सेंटर नंबर को सभी छात्रावासों में प्रमुखता से प्रदर्शित करने के निर्देश भी खाद्य अधिकारी को दिए गए। इस अवसर पर आयोग के सदस्य सचिव, जिला पंचायत सीईओ और विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
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