देशभर में कांग्रेस इन दिनों भाजपा के खिलाफ ‘वोट चोर गद्दी छोड़’ का नारा देकर अभियान चला रही है। इसी क्रम में पीएम मोदी को ‘वोट चोर’ कहने पर छत्तीसगढ़ के राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है।
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उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग ने कांग्रेस से इस आरोप के सबूत मांगे थे, लेकिन पार्टी कोई भी ठोस प्रमाण पेश नहीं कर सकी। जनता ने कांग्रेस के इस दावे को एक लाइन में खारिज कर दिया है।
मंत्री टंकराम वर्मा ने कांग्रेस के पदाधिकारियों पर नियुक्ति के पैटर्न पर तंज कसा और कहां कि कांग्रेस के नेता बोलते है कि उन्हें बूथ अध्यक्ष भौंकने वाला चाहिए।

पीएम मोदी को ‘वोट चोर’ कहने पर छत्तीसगढ़ के राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है।
कांग्रेस के पास नहीं बचे है मुद्दे
मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि कांग्रेस के पास अब जनता को कहने के लिए कुछ नहीं बचा है। पहले उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को ‘चौकीदार चोर’ कहा और अब ‘वोट चोर’ बता रहे हैं।
दरअसल, कांग्रेस लगातार जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश ही नहीं, पूरे देश में कांग्रेस का जनाधार तेजी से खत्म हो चुका है।

मंत्री टंकराम वर्मा मीडिया से चर्चा करते हुए।
संगठन निर्माण पर कसा तंज
कांग्रेस के संगठन निर्माण को लेकर भी मंत्री वर्मा ने तंज कसा। उन्होंने कहा कि भाजपा में बूथ, मंडल से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक लोकतांत्रिक तरीके से नियुक्तियां होती हैं। जबकि कांग्रेस में पहले राष्ट्रीय नेताओं को बैठाया जाता है और उसके बाद नीचे तक पद बांटे जाते हैं।
उन्होंने कांग्रेस के एक शीर्ष नेता के बयान का जिक्र करते हुए कहा कि वहां तो बूथ अध्यक्ष भी ऐसे बनाए जाते हैं, जिन्हें आदेश मिलने पर “कुत्ते की तरह भौंकना” पड़े। यह कांग्रेस की संगठनात्मक संस्कृति को उजागर करता है।
किसानों की फसलें प्रभावित
वहीं, छत्तीसगढ़ में कम बारिश के असर पर भी मंत्री वर्मा ने जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस साल कई जिलों में सामान्य से कम वर्षा हुई है, जिसकी वजह से किसानों की फसलें प्रभावित हुई हैं।
राजस्व विभाग सभी जिलों में सर्वे करा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि किस क्षेत्र में कितनी फसल खराब हुई है। इसके आधार पर किसानों के लिए आगे की राहत और मुआवजे की कार्रवाई तय की जाएगी।
राजनीतिक हमलों के बीच यह साफ है कि कांग्रेस के आरोप और भाजपा के जवाबी पलटवार से प्रदेश की सियासत और भी गरमाने वाली है।
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