बिलासपुर: छुट्टी के दिन तहसीलदार ने कालोनी में की नापजोख, रहवासियों ने किया विरोध

बिलासपुर के कोनी स्थित कंचन विहार टीएनसी कालोनी में रविवार को तहसीलदार प्रकाश साहू पटवारी के साथ नापजोख कराने पहुंचे, जिस पर कालोनीवासियों ने ऐतराज जताते हुए जमकर विरोध किया। आम जनता को छोटे से सीमांकन के लिए महीनों तहसील दफ्तर के चक्कर कटवाने वाला राजस्व महकमा रविवार को छुट्टी के दिन अचानक सुपर एक्टिव नजर आया। शासकीय अवकाश के दिन राजस्व अमले की यह असाधारण फुर्ती देखकर स्थानीय रहवासी हतप्रभ रह गए।
कालोनीवासियों का सीधा आरोप है कि टीएनसी कालोनी के स्वीकृत ले-आउट और नियमों को ताक पर रखकर किसी रसूखदार के लिए अवैध रास्ता निकालने का दबाव बनाया जा रहा है। कायदे से ऐसे मामलों में नगर निगम, नगर तथा ग्राम निवेश और राजस्व महकमे की संयुक्त टीम को मौके पर पहुंचना चाहिए।
हैरान करने वाली बात यह कि तहसीलदार ने नगर निगम को कोई पूर्व सूचना दिए बिना और टीएनसीपी टीम को शामिल किए बगैर ही तहसीलदार प्रकाश साहू रविवार को अकेले ही नापजोख कराने पहुंच गए। जब रहवासियों ने छुट्टी के दिन एकतरफा कार्रवाई को देखा, तो बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए और अधिकारियों को घेर लिया। नागरिकों ने दो टूक चेतावनी दी कि स्वीकृत ले-आउट और बाउंड्री से किसी भी तरह की छेड़छाड़ कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नियमों के मुताबिक कालोनी के रास्तों या सीमांकन से जुड़े संवेदनशील मामलों में संबंधित विभाग के अधिकारी जैसे नगर निगम, टीएनसीपी और राजस्व विभाग की संयुक्त जांच टीम गठित की जाती है। लेकिन इस मामले में नगर निगम को औपचारिक सूचना तक नहीं दी गई और न ही टीएनसीपी के तकनीकी अधिकारी साथ थे। रविवार को तहसीलदार का अकेले मौके पर पहुंचना पूरी प्रक्रिया को संदिग्ध बनाता है।
तहसील कार्यालयों में सीमांकन और फौती नामांतरण के सैकड़ों आवेदन महीनों से धूल फांक रहे हैं। आम नागरिक एक-एक पेशी के लिए भटकते रहते हैं, लेकिन कंचन विहार में एक रसूखदार के लिए रविवार की छुट्टी कुर्बान कर राजस्व अमला फील्ड में उतर गया। प्रशासन की इस विशेष मेहरबानी और तत्परता पर कालोनीवासियों ने सवाल खड़े किए हैं।



