छत्तीसगढ़ में धूप और गर्मी ने बढ़ाई बेचैनी, ट्रफ लाइन के असर से फिर बरसेंगे बादल
छत्तीसगढ़ में मानसून की विदाई के साथ ही मौसम के मिजाज में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। प्रदेश में बारिश की गतिविधियों में कमी आने के कारण अब दिन के तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। बारिश थमने से राज्य के विभिन्न हिस्सों में गर्मी और उमस का प्रभाव बढ़ने लगा है, जिससे आम जनजीवन पर असर पड़ रहा है।
मौसम विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान पूरे प्रदेश में मौसम मुख्य रूप से शुष्क बना रहा। हालांकि, राज्य के एक-दो स्थानों पर बहुत हल्की बारिश दर्ज की गई है, लेकिन इसका तापमान पर कोई विशेष प्रभाव नहीं पड़ा। बादलों के छंटने के कारण धूप का प्रभाव तेज हो गया है, जिससे उमस की स्थिति बनी हुई है।
आगामी मौसम के पूर्वानुमान को लेकर विभाग ने बताया है कि अगले दो दिनों तक प्रदेश में मौसम शुष्क रहने की प्रबल संभावना है। इसके बाद, राजस्थान से लेकर मध्य प्रदेश तक बनी एक ट्रफ लाइन के प्रभाव के कारण मौसम में फिर से बदलाव आ सकता है। इस सिस्टम के असर से प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश होने के आसार जताए गए हैं।
तापमान के आंकड़ों का विश्लेषण करें तो पिछले 24 घंटों में राजनांदगांव जिला सबसे गर्म रहा। यहां अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिसके चलते दिन के समय लोगों को तेज गर्मी का सामना करना पड़ा। शुष्क मौसम और तेज धूप ने यहां उमस की स्थिति पैदा कर दी है, जिससे लोग परेशान नजर आए।
दूसरी ओर, सरगुजा संभाग के अम्बिकापुर में न्यूनतम तापमान में गिरावट देखी गई है। यहाँ न्यूनतम तापमान 17.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा। कम तापमान के कारण अम्बिकापुर और आसपास के क्षेत्रों में रात और सुबह के समय हल्की ठंडक का अहसास होने लगा है, जो आने वाले दिनों में ठंड की दस्तक का संकेत है।
राजधानी रायपुर के मौसम की बात करें तो यहाँ आज 12 अक्टूबर को आसमान साफ रहने की उम्मीद है। शहर में बादल छंटने के बाद तेज धूप निकल रही है, जिससे गर्मी और उमस में इजाफा हुआ है। रायपुर में आज अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान लगाया गया है।
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि मानसून की वापसी के बाद हवाओं की दिशा में बदलाव और ट्रफ लाइन की सक्रियता के कारण स्थानीय स्तर पर मौसम प्रभावित हो रहा है। फिलहाल दो दिनों तक शुष्क मौसम रहने के बाद ही बारिश की संभावनाओं पर स्थिति और अधिक स्पष्ट हो सकेगी। तब तक तापमान में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रहने की उम्मीद है।




