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राजनांदगांव में आगामी 1 मई से शुरू होने वाली जनगणना 2027 के पहले चरण की तैयारियों का कलेक्टर जितेंद्र यादव ने जायजा लिया। उन्होंने सागरपारा क्षेत्र में प्रगणकों और सुपरवाइजरों के लिए आयोजित फील्ड प्रशिक्षण का औचक निरीक्षण किया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। कलेक्टर यादव ने इस दौरान जनगणना को एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील कार्य बताया। उन्होंने कहा, “जनगणना से प्राप्त आंकड़े ही भविष्य की विकास योजनाओं का आधार बनते हैं। इसलिए यह अनिवार्य है कि सभी प्रगणक पूरी दक्षता के साथ कार्य करें ताकि डेटा संकलन में त्रुटि की कोई गुंजाइश न रहे।” उन्होंने नागरिकों के सहयोग की भी सराहना की। जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से होगी प्रशिक्षण कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर्स ने बताया कि इस बार की जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से होगी। प्रगणकों को एक विशेष मोबाइल ऐप के जरिए डेटा प्रविष्टि का अभ्यास कराया गया। इसमें परिवार की जानकारी, आवास की स्थिति, संचार सुविधाएं और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं का विवरण दर्ज करने की प्रक्रिया समझाई गई। डेटा एंट्री के दौरान तकनीकी बारीकियों और व्यवहारिक व्यवहार पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। 15 दिनों के भीतर ‘स्व-गणना’ किया जा सकता है जिला प्रशासन ने आम जनता से इस राष्ट्रीय कार्य में सहयोग की अपील की है। नागरिकों को बताया गया है कि वे आगामी 15 दिनों के भीतर ‘स्व-गणना’ प्रक्रिया का उपयोग कर सकते हैं। साथ ही, प्रगणकों के घर आने पर उन्हें सही और सटीक जानकारी प्रदान करने का आग्रह किया गया है। इस अवसर पर तहसीलदार एवं चार्ज अधिकारी प्यारेलाल नाग, नायब तहसीलदार राकेश नागवंशी सहित जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।
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