![]()
रायगढ़ पुलिस ने मंगलवार की रात आईपीएल सट्टेबाजी से जुड़े बड़े कैश नेटवर्क का खुलासा करते हुए कृष्ण प्राइड टावर के फ्लैट नंबर-505 में दबिश दी। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 1 करोड़ 3 लाख 86 हजार 300 रुपए नकद, नोट गिनने की मशीन, चार मोबाइल फोन और वित्तीय लेनदेन से जुड़े दस्तावेज बरामद किए हैं। मामले में करन चौधरी, पुष्कर अग्रवाल और सुनील अग्रवाल को गिरफ्तार किया गया है। वहीं जसमीत सिंह बग्गा उर्फ गुड्डा सरदार फरार है, तलाश जारी है। पुलिस के मुताबिक बरामद रकम ऑनलाइन आईपीएल सट्टेबाजी से हुई कमाई है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि रकम को सीधे बैंकिंग सिस्टम में जमा नहीं किया जाता था, बल्कि कैश के रूप में अलग-अलग ठिकानों पर रखा जाता था। जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि रकम को हवाला चैनल के जरिए दूसरे शहरों में भेजने की तैयारी थी। मामले की शुरुआत 26 अप्रैल को हुई थी, जब साइबर सेल, कोतवाली और घरघोड़ा पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन आईपीएल सट्टा नेटवर्क पर दबिश दी थी। उस दौरान 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में करन चौधरी और जसमीत सिंह बग्गा का नाम सामने आने के बाद पुलिस ने कॉल डिटेल, चैट रिकॉर्ड और डिजिटल ट्रांजेक्शन की जांच शुरू की। मंगलवार को पुलिस चक्रधरनगर में ने दबिश देकर करन चौधरी को गिरफ्तार किया। उससे पुलिस को कृष्ण प्राइड टावर के फ्लैट सट्टे के पैसे रखे होने की जानकारी मिली। पुलिस ने फ्लैट में दबिश दी तो पुष्कर अग्रवाल और सुनील अग्रवाल मिले। मौके से नकद समेत अन्य सामान जब्त किया गया। दिल्ली तक नेटवर्क के लिंक मिले:
जांच में रायगढ़, सक्ती, रायपुर, बिलासपुर और दिल्ली तक नेटवर्क के लिंक मिले हैं। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी अपने खातों और मोबाइल नंबरों का कम उपयोग करते थे। इसके लिए कर्मचारियों और परिचितों के बैंक खातों का इस्तेमाल किया जाता था, ताकि लेनदेन सीधे उनसे जुड़ा न दिखे। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि जिले में सट्टा, हवाला और आर्थिक अपराध से जुड़े नेटवर्क पर कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
<
