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छत्तीसगढ़ के पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव अपने बयानों को लेकर अक्सर सुर्खियों में बने रहते हैं। उन्होंने प्रदेश की राजनीति, कांग्रेस की मौजूदा स्थिति और अपनी भूमिका को लेकर खुलकर अपनी राय रखी। दैनिक भास्कर डिजिटल से खास बातचीत में पूर्व डिप्टी सीएम ने कहा कि कांग्रेस को अलग चुनाव के लिए खुद के लिए बेहतर विकल्प बनाने की जरूरत है। वहीं मुख्यमंत्री को लेकर टीएस सिंहदेव ने कहा कि विष्णुदेव साय अच्छे आदमी हैं, लेकिन सरकार का काम औसत से कम है। उन्होंने राज्य सरकार के कामकाज को औसत से कम बताते हुए 10 में 4 नंबर दिए। पढ़िए पूरा इंटरव्यू… सवाल : सरकार के कामकाज पर क्या राय है? जवाब : भाजपा सरकार का प्रदर्शन औसत से कम है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को व्यक्तिगत रूप से अच्छे व्यक्ति हैं, लेकिन सरकार के कामकाज को 10 में से 4 अंक दूंगा। सवाल : क्या कांग्रेस की वापसी संभव है? जवाब : वापसी तभी संभव है, जब कांग्रेस खुद को बेहतर विकल्प के रूप में पेश करे। फिलहाल संगठन को नए सिरे से मजबूत करने की दिशा में काम चल रहा है। सवाल : क्या कांग्रेस संगठन में सुस्ती नजर आ रही है? जवाब : कांग्रेस बहुत ज्यादा सक्रिय नहीं दिख रही, लेकिन संगठन को नए ढांचे में ढालने की प्रक्रिया जारी है। सवाल : क्या प्रदेश अध्यक्ष बनने को तैयार हैं? जवाब : चर्चाएं अलग बात हैं, लेकिन अगर जिम्मेदारी मिलती है तो निभाने के लिए तैयार हूं। सवाल : क्या अगला चुनाव लड़ेंगे? जवाब : अभी चुनाव दूर है। पूरा फोकस कांग्रेस की सरकार की वापसी में अपना योगदान देने पर है। सवाल : क्या मुख्यमंत्री बनने का सपना है? जवाब : ऐसा कोई सपना नहीं रहा, मैं परिस्थितियों के अनुसार काम करता हूं। सवाल : चुनाव हारने के बाद क्या सोचा? जवाब : हार के बाद निराशा हुई थी, क्योंकि जीत की उम्मीद थी। मैं 24×7 राजनेता नहीं हूं, परिवार और व्यवसाय भी मेरी प्राथमिकता में शामिल हैं। सवाल : राजनीति में ईमानदारी की कीमत क्या है? जवाब : कोई भी व्यक्ति अपनी जिंदगी के सभी पहलू पूरी तरह सामने नहीं रखता, हर चीज खुलकर नहीं बताई जाती। सवाल : अब आप कम सक्रिय क्यों दिखते हैं? जवाब : पद पर रहते हुए जिम्मेदारियां अलग होती हैं। अभी मैं न विधायक हूं, न नेता प्रतिपक्ष, इसलिए भूमिका सीमित दिखती है। फिर भी पूरे प्रदेश के लोगों से लगातार संपर्क में रहता हूं। सवाल : भूपेश बघेल के साथ ‘जय-वीरु’ जोड़ी पर क्या राय है? जवाब : परिस्थितियों ने लोगों को उन्हें प्रतिद्वंदी समझने पर मजबूर किया, लेकिन सार्वजनिक तौर पर कभी कोई कड़वाहट नहीं रही। सवाल : भूपेश बघेल से पिछली मुलाकात कब हुई थी? जवाब: सार्वजनिक कार्यक्रमों या पार्टी आयोजनों में मुलाकात होती रहती है, जरूरत पड़ने पर फोन पर भी बात हो जाती है। सवाल : AI वीडियो विवाद पर क्या कहना है? जवाब: इस तरह की चीजें ‘छोटी मानसिकता’ दिखाती हैं। सार्वजनिक जीवन में होने का मतलब यह नहीं कि किसी के बारे में कुछ भी कहा जाए। सवाल : क्या पार्टी में खींचतान है? जवाब : किसी भी संगठन में मतभेद होना स्वाभाविक है। जहां कई लोग काम करते हैं, वहां टकराव भी होता है। जैसे परिवार में होता है, लेकिन उससे रिश्ता खत्म नहीं होता। ………………………. यह इंटरव्यू भी पढ़िए… 23 साल पुराना जग्गी मर्डर केस फिर खुला: जोगी बोले- 11000 पन्नों का केस, कॉपी तक नहीं; सतीश बोले- ये एक बेटे की लड़ाई छत्तीसगढ़ के 23 साल पुराने बहुचर्चित जग्गी हत्याकांड में एक बार फिर सुनवाई शुरू हो गई है। 2003 में कांग्रेस नेता रामावतार जग्गी की रायपुर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मामले की जांच CBI को सौंपी गई थी, जिसमें कई आरोपियों को दोषी ठहराया गया, जबकि अमित जोगी को सबूत के अभाव में बरी कर दिया गया था। पढ़ें पूरी खबर…
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