बेमेतरा के टकसिवा में ठेका कर्मचारी की करंट लगने से मौत, परिजनों और साथी कर्मचारियों का प्रदर्शन


बेमेतरा जिले के बेरला क्षेत्र के टकसिवा में एक ठेका कर्मचारी की करंट लगने से मौत हो गई। मृतक की पहचान हेमचंद साहू (33) के रूप में हुई है, जो ग्राम लेजवारा का रहने वाला था। वह 11 केवी लाइन में काम कर रहा था, तभी करंट की चपेट में आ गया।
जानकारी के अनुसार, हेमचंद साहू करीब 15 साल से ठेकेदार शोएब खान के साथ बिजली विभाग में काम कर रहा था। उसे हर महीने करीब 12 हजार रुपए वेतन मिलता था। बताया गया कि हेमचंद ट्रांसफार्मर बदलने के लिए 11 केवी लाइन के पोल पर चढ़ा था। परिजनों के मुताबिक, परमिट लेने के बाद काम शुरू किया गया था, लेकिन अचानक पोल में करंट आ गया और हेमचंद उसकी चपेट में आकर नीचे गिर गया। इस हादसे में उसकी जान चली गई।
हेमचंद परिवार का मुख्य कमाने वाला था। उसके परिवार में पत्नी, एक बेटा और एक बेटी सहित करीब 10 सदस्यों के भरण-पोषण की जिम्मेदारी थी। घटना के बाद परिजनों ने परिवार के भविष्य को देखते हुए विभाग से आर्थिक मदद और दूसरी सुविधाएं देने की मांग की।
इस घटना के बाद परिजनों और ठेका कर्मचारियों में नाराजगी फैल गई। मुआवजे और परिवार के भरण-पोषण के लिए सहायता की मांग को लेकर बुधवार सुबह करीब 8 बजे से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेरला में नारेबाजी शुरू हो गई।
इस मामले को लेकर क्रांति सेना और जौहार छत्तीसगढ़ के पदाधिकारी भी बेरला पहुंचे। उन्होंने परिजनों के समर्थन में धरना दिया। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में परिजन और ठेका कर्मचारी मौजूद थे। इस दौरान विभाग के खिलाफ नारेबाजी कर गुस्सा जाहिर किया गया।
ठेका कर्मचारी संजय निषाद ने आरोप लगाया कि ठेका कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर लगातार लापरवाही हो रही है। उन्होंने कहा कि हेमचंद की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही परिवार को 30 लाख रुपए मुआवजा दिया जाए। इसी मांग को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा है।
बिजली विभाग के अधिकारी ने बताया कि नियमानुसार कागजी प्रक्रिया पूरी होने के बाद कंपनी की ओर से करीब 4 लाख रुपए की राशि दी जाएगी। इसके अलावा विभागीय स्तर पर भी सहायता राशि जुटाने की बात कही गई है। अधिकारी के अनुसार आवश्यक पेपरवर्क पूरा होने के बाद प्रावधानों के तहत पेंशन और ESIC और EPF सहित पात्रतानुसार मिलने वाले लाभ भी दिए जाएंगे।
प्रदर्शन को लेकर प्रशासन और विभागीय अधिकारियों ने परिजनों से बातचीत की। तहसीलदार ने बताया कि मृतक ठेका श्रमिक था और लेजवारा का रहने वाला था। ट्रांसफार्मर लगाने के दौरान करंट लगने से उसकी मृत्यु हुई। समझाइश के बाद चक्काजाम समाप्त कराया गया और मुआवजे को लेकर परिजनों से चर्चा की गई। शाम 5 बजे बातचीत के बाद शव को पंचनामा कार्रवाई पूरी कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।




